अंतिम सांस ले रही फसल के लिए , वेंटिलेटर बन गई ये बारिश
(Report - uttarakhandhindisamachar.com)
चम्पावत ( Champawat ) - जिले में हुई बारिश खेतीबाड़ी एवं वातावरण में अमृत घोल गई है । इस बार भी मौसम विभाग की भविष्यवाणी सही साबित हुई है । इस वर्ष मौसम के दगा देने से जल स्रोतों का जलस्तर कम हो गया था । आलू बुवाई के बाद भी अंकुरित नहीं हो रहे थे । सब्जी उत्पादन करने वाले किसान माथा पकड़ कर आसमान की ओर टक - टकी निगाह लगाए हुए थे । मसूर गेहूं आदि रवी की फसल तो काफी बर्बाद हो गई है , ऐसे सामाजिक परिवेश में यह वर्षा लोगों के भविष्य की न केवल आश जगा गई है , बल्कि मौसम की तासीर बदलने से उसमें काफी रंगत भी आ गई है । यह वर्षा बारूद का ढेर बन रहे जंगलों के लिए भी काफी वरदान साबित हुई है ।अंतिम सांस ले रही फसल के लिए ऑक्सीजन बन गई ये बारिश -
सब्जी उत्पादन के लिए अमृत है ये बारिश -
बढ़ेगा चारा तो बढ़ेगा दूध -
जलश्रोत होंगे रीचार्ज -