क्या , ऐसे बन पाएगा नशामुक्त उत्तराखंड ?
(Report - uttarakhandhindisamachar.com)
देहरादून ( Dehradun ) - समूचे उत्तराखंड में पुलिस भांग की खेती को सालों से नष्ट कर रही है । अब बुद्धिजीवी वर्ग कई सवाल करने लगा है कि , आंखिर पुलिस कब तक ऐसे ही भांग की खेती को नष्ट करती रहेगी और नशे के इन सौदागरों को कब तक ढील देती रहेगी ? आंखिर कब तक इन नशे के व्यापारियों पर चालानी कार्यवाही नहीं होगी ? पुलिस युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक तो कर रही है , लेकिन नशे की जड़ में प्रहार नहीं कर पा रही है । अगर नशे पर लगाम लगानी है और युवाओं को नशे की गिरफ्त में आने से बचाना है तो भांग की खेती करने After पर चालानी कार्यवाही करने की आवश्यकता है । अगर चालानी कार्यवाही के बाद भी नशे के व्यापारी बाज नहीं आते हैं , तो सख्त कार्यवाही अमल में लानी चाहिए , ताकि नशे की जड़ों को समाप्त किया जा सके । लेकिन आज उत्तराखंड में भांग की खेती करने वालों पर कार्यवाही करने के बजाय पुलिस की ड्यूटी खेतों में लगाई जा रही है । क्या ऐसे उत्तराखंड को नशामुक्त बनाना संभव हो पाएगा ?