वाराही धाम में ऐतिहासिक बग्वाल मेले का शुभारंभ
(Report - uttarakhandhindisamachar.com)
चम्पावत ( Champawat ) - उत्तर भारत के प्रसिद्ध वाराही धाम , देवीधुरा में बारह दिवसीय ऐतिहासिक बग्वाल मेला आज वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक अनुष्ठानों के साथ प्रारंभ हो गया । यह मेला सदियों से पाषाण युद्ध परंपरा और धार्मिक आस्था के लिए जाना जाता है । क्या होती है बग्वाल , वीडियो खबर के अंत में दिया गया है ।वैदिक मंत्रोच्चार और दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ
मेले का शुभारंभ जिलाधिकारी मनीष कुमार ने किया । उन्होंने सर्वप्रथम मां वज्र वाराही के गर्भगृह में पूजा - अर्चना की । इसके बाद संस्कृत महाविद्यालय के छात्र वेद वाणी के साथ उपस्थित रहे । जिलाधिकारी ने दीप प्रज्वलित कर मेले का औपचारिक शुभारंभ किया । उन्होंने कहा कि कुमाऊं के हृदय में स्थित यह धाम सदियों से आस्था का केंद्र रहा है । मंदिर परिसर में विद्यमान प्राचीन शिलालेख इस धाम की अलौकिक मान्यताओं और परंपराओं के साक्षी हैं ।पूर्वजों की विरासत और बग्वाल की परंपरा
जिलाधिकारी ने क्षेत्रीय लोगों को बधाई देते हुए कहा कि यहां की जनता अपने पूर्वजों की शताब्दियों पुरानी परंपरा को पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ा रही है । क्या होती है बग्वाल यानी पत्थर युद्ध , वीडियो खबर के अंत में दिया गया है । उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के प्रयासों से वाराही धाम को धार्मिक पर्यटन और सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है । आने वाले समय में यहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे । उन्होंने मेले में आने वाले तीर्थयात्रियों का स्वागत अतिथि की तरह करने का भी आह्वान किया ।छलिया नृत्य और कलश यात्रा से गूंजा देवीधुरा
मेले के उद्घाटन से पूर्व जिलाधिकारी मनीष कुमार का आयोजन समिति ने ढोल - नगाड़ों , छलिया नृत्य और बच्चों की कलश यात्रा के साथ देवीधुरा मुख्य बाजार से मंदिर तक स्वागत किया । कार्यक्रम का संचालन कीर्ति शास्त्री और विक्रम कथायत ने किया । चार खाम और सात थोक की ओर से जिलाधिकारी का भव्य स्वागत हुआ ।क्विक एक्शन वाले जिलाधिकारी को देखने उमड़ी भीड़
क्विक एक्शन और क्विक डिसीजन के लिए प्रसिद्ध युवा जिलाधिकारी मनीष कुमार को देखने के लिए भी मेले में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे । इस दौरान मंदिर समिति की ओर से जिलाधिकारी को स्मृति चिन्ह और अभिनंदन पत्र भेंट किया गया । कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी नीतीश डांगर सहित तमाम मुख्य लोग मौजूद रहे ।आंखिर , क्या है बग्वाल , वीडियो देखने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर टच करें
https://youtu.be/_Ccgtnbltkg?si=MYrvWlDIWO5HIeS-
वाराही धाम बग्वाल मेला, देवीधुरा मंदिर, पाषाण युद्ध परंपरा, कुमाऊं धार्मिक पर्यटन, चम्पावत बग्वाल, मां वज्र वाराही, चार खाम सात थोक, बग्वाल मेले का इतिहास, उत्तराखंड के प्रसिद्ध मेले, धार्मिक पर्यटन उत्तराखंड
खबर से जुड़ी अन्य तस्वीरें: