राजकीय महाविद्यालय में M.A की मान्यता अटकी , छात्रों का भविष्य संकट में
(Report - uttarakhandhindisamachar.com)
देहरादून/चम्पावत - कुमाऊं का राजकीय आदर्श महाविद्यालय देवीधुरा , धरातल पर आदर्श बिल्कुल नजर नहीं आ रहा है । यहां , वर्ष 2022 में मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा पर अमलीजामा नहीं पहनाया गया है । अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के बैनर तले , पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष देवेन्द्र भट्ट और पूर्व जिला संयोजक सुदीप चम्याल के नेतृत्व में छात्रों का पिछले 13 दिनों से महाविद्यालय में धरना प्रदर्शन जारी है ।लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी ने मुख्यमंत्री को सौंपा पत्र
लोहाघाट विधायक खुशाल सिंह अधिकारी ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर महाविद्यालय की समस्या के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की । इस दौरान ब्लॉक प्रमुख पाटी शंकर अधिकारी , चंदन फ़र्त्याल , प्रकाश मेहरा और ईश्वर बिष्ट भी मौजूद रहे ।सरकार की घोषणा , लेकिन सचिवालय की मुहर गायब
सवाल बड़ा है , सरकार ने घोषणा की थी कि महाविद्यालय में M.A कक्षाएं शुरू होंगी । शासन और सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय से अनुमोदन भी मिल चुका है । मगर अभी तक सचिवालय से अंतिम स्वीकृति नहीं मिल पाई है ।पोर्टल पर कॉलेज का नाम ही नहीं
उच्च शिक्षा विभाग के पोर्टल पर महाविद्यालय का नाम दर्ज न होने से छात्र प्रवेश नहीं ले पा रहे हैं । नतीजा यह है कि B.A में पढ़े छात्र इतिहास , भूगोल और शिक्षा शास्त्र में M.A करना चाहते हैं , मगर दरवाज़े बंद हैं ।छात्रों का भविष्य दांव पर , जिम्मेदार कौन ?
एक तरफ सरकार युवाओं को उच्च शिक्षा के अवसर देने के दावे कर रही है , वहीं दूसरी तरफ स्वीकृति की देरी ने छात्रों के भविष्य को अधर में लटका दिया है । कॉलेज प्रबंधन भी असमंजस की स्थिति में है ।
लोहाघाट कॉलेज MA मान्यता, उत्तराखंड उच्च शिक्षा संकट, राजकीय आदर्श महाविद्यालय टेड़ीधुरा, छात्रों का भविष्य संकट, खुशाल सिंह अधिकारी विधायक खबर, उत्तराखंड हिंदी समाचार
खबर से जुड़ी अन्य तस्वीरें: